Time Management for Success-टाइम मैनेजमेंट कैसे करें

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कम्पटीशन या प्रतियोगिता के इस युग में Time Management यानी समय प्रबंधन की उपयोगिता बहुत बढ़ गयी है। हम सभी शुरू से ही सुनते आ रहे है कि समय  बड़ा बलवान है यानी कि समय की महत्ता आदि काल से ही चली आ रही हे, समय के कारण ही राजा को रंक बनाते और रंक को राजा बनाते देर नहीं लगती, समय की वजह से ही राजा हरिश्चन्द्र को शमशान घाट की नौकरी करनी पड़ी थी और समय के कारण ही भगवान राम को चौदह वर्ष के वनवास के लिए जाना पड़ा था। 

Time Management ( समय प्रबंधन ) क्या है ?

समय प्रबंधन एक ऐसा प्रोसेस है जिसमे किसी भी एक्टिविटी में कितना समय लगना है यह उसकी प्राथमिकता के आधार पर तय करना होता है। यह ऐसी कला जिसमें आपको अपने पसंद के सभी कार्यों को एक निश्चित समय में पूरा करना होता है। इससे ब्यक्ति की उत्पादकता में बढ़ोत्तरी होती है।

आज ब्यक्ति की एक्टिविटी का दायरा काफी विस्तृत हो गया है, उसे अपने पारिवारिक, सामाजिक, औए पेशागत जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिए समय की कमी महसूस होने लगी है, उसे ऐसा लगाने लगा हे कि सभी कार्यों को पूर्ण करने के लिए 24 घंटो का समय पर्याप्त नहीं है। ऐसे में बिना इफेक्टिव तरीके से Time Management सभी कार्य पूर्ण नहीं किया जा सकता है।

आज के समय में छोटा य बड़ा अधिकारी हो, बिजनसमेन हो, नेता हो , मार्क जकरबर्ग हो या टाटा , अम्बानी सभी  के पास 24 घंटों का ही समय है। सभी इस समय का ही उपयोग करके अपने समस्त कार्य पूरे करते हें।

 Time Management ( समय प्रबंधन ) कैसे करें ?

आज ब्यक्ति के पास संख्या के हिसाब से निसंदेह बहुत अधिक काम है, सभी कामो को एकसाथ पूर्ण नहीं किया जा सकता हे, उसे हर काम की प्राथमिकता तय करनी होगी,

Time Management में  हर काम को चार कटेगरी में बाटते है।

  1. अर्जेंट–  इस कटेगरी में वो काम आतें हे जिसमे आपको तुरंत ध्यान देना होता हे, इसे आप भविष्य पर नहीं ताल सकतें हे,
  2. इम्पोर्टेन्ट – वो कार्य आपके लिए जरुरी तो हें लेकिन न हो सकने पर आपके या दूसरों के लिए गंभीर स्थिति नहीं होगी,
  3. अर्जेंट और इम्पोर्टेन्ट – कुछ कार्य दोनों कटेगरी में आतें हें,
  4. नो अर्जेंसी – और कुछ कार्य दोनों ही इम्पोर्टेन्ट और अर्जेंट नहीं होते हे,

अर्जेंट और इम्पोर्टेन्ट के भेद पर आप अपने सम्पूर्ण कार्य को बाँट सकते हो,

निचे गिये गए Priority Matrix का उपयोग करगे आप आपने कार्यों को अलग अलग केटेगरी में बाँट सकते हो,

अभी करेंइसके बाद करें
बाद में करेंन करें

जैसे बच्चों को स्कूल से लेकर आना है अर्जेंट और इम्पोर्टेन्ट दोनों ही है , इसलिए यह कार्य सबसे पहले करना होगा,

टेलीफोन कॉल्स का जवाब देना अर्जेंट है इसलिए इसे अभी करना चाहिए ,

आपको शोपिंग करने जाना है, इम्पोर्टेन्ट , इसे बाद में किया जा सकता है,

आपको टीवी सीरियल देखना है, न इम्पोर्टेन्ट हे और न ही अर्जेंट है, इसे टला जा सकता है।

Tips for Time Management

एक सप्ताह तक अपने डेली रूटीन का एक एक घंटा और एक एक मिनट नोट करें, एक ब्यक्ति को 1440 मिनट प्रतिदिन मिलते हें, एक सप्ताह तक प्रत्येक मिनट को नोट कीजिये, फिर गैर जरुरी कामो में बिताया वक्त देखिये कितना हे, उसे अपनी दिनचर्या में से हटा दीजिये, आपके पास कुछ समय निकल आयेगा

मल्टी टास्किंग मत कीजिये, कुछ लोग मल्टी टास्किंग को Time Management के लिए एक जरुरी स्किल मानते हें, लेकिन अनुसंधानों से सिद्ध हो गया हे कि  मल्टी टास्किंग से ब्यक्ति की कार्य करने की क्षमता और गुणवत्ता दोनों प्रभावित होते है।

अपने इ Mails, Phone कॉल्स, तथा फोने देखने के समय को नियमित कीजिये, इनका टाइम फिक्स कीजिये

Learn How to say No. ना कहना सीखिए, हर काम को करने से आपकी कार्य करने की गुणवत्ता में फर्क आएगा

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